श्रवण विकलांगता

श्रवणविकलांगता क्या है?

किसी व्यक्ति द्वारा पूरी तरह से आवाज सुनने में अक्षम होना श्रवण -विकलांगता कहलाता हैं। यह श्रवण यंत्रणा के अपर्याप्त विकास के कारण, श्रवण संस्थान की बीमारी या चोट लगने की वजह से हो सकता हैं। सुनना, सामान्य वाचा एवं भाषा के विकास के लिए 'सुनना ', यह प्रथम आवश्यकता हैं। बच्चा, परिवार या आसपास के वातावरण में लोगों की बोली सुनकर ही बोलना सीखता हैं।

बधिरता एक अदृश्य दोष हैं। एक व्यक्ति या बच्चे के बहरेपन को पहचानने के लिए सूक्ष्म निरीक्षण की आवश्यकता होती हैं। जन्म के समय एवं शैशवावस्था में बहरापन बच्चे के संपूर्ण विकास में गलत प्रभाव डालता हैं। यह प्रभाव, विकलांगता की प्रभाव भिन्नता प्रारम्भिक आयु, स्वरूप और श्रेणी पर निर्भर हैं।

श्रवणविकलांगता के प्रकार

1. चालकीय श्रवण दोष(Conductive Hearing Loss):

यह मध्यकर्ण एवं कान के बाहरी हिस्से में खराबी के कारण होता हैं। आवाज कान के अन्दर तक ठीक से नहीं पहुँचती हैं। सभी सुनी हुई आवाज इस प्रकार कमजोर हो जाती हैं या /और आवाज दब जाती हैं। सामान्यतः इस प्रकार के लोग अपने वातावरण की आवाजों का ध्यान रखें बिना नरम आवाज में बोलते हैं।

चालकीय श्रवण दोष होने के कारण:

  • कान की नली में वैक्स का होना
  • बाह्यकर्ण एवं मध्यकर्ण की बीमारियाँ, कान का बहना एवं कान में दर्द के लक्षणों के साथ कान के बाह्यकर्ण एवं मध्यकर्ण में जन्मजात दोष - बाह्य या मध्य कर्ण में दोष या क्षति
  • ऊपरी संबंधित शरीर में संसर्ग
  • मुँह के खड्डों एवं कान की देखभाल न करना

2. संवेदनिक श्रवण दोष (Sensorineural Hearing Loss):

यह कान के अन्दरूनी हिस्सों में या श्रवण स्नायु में चोट लगने या बीमारी के कारण होता हैं। यह कुछ बीमारियों के प्रभाव के कारण भी होता हैं। जैसे कि खसरा (Measles), गलगन्ड (Mumps), मस्तिष्कज्वर (Meningitis), क्षय (T.B.)

कुछ कारण जिनकी वजह से जन्मजात संवेदनिक श्रवण दोष(Congential Sensorineural Hearing Loss)

  • शैशावावस्था से आनुवंशिक बधिरता
  • आर. एच. (R.H) अपरिपूर्णता
  • समय से पहले जन्म -(Premature Birth)
  • जन्म के समय श्र्वासावरोध (Asphyxia) - जन्म होते समय ऑक्सीजन की कमी के कारण बच्चे का नीला पड जाना
  • गर्भावस्था में वायरल संक्रमण
  • गर्भावस्था या गर्भावस्था के प्रथम तीन माह के दौरान एक्स-रे का प्रभाव - गर्भावस्था के प्रथम तीन महीनों में एक्स-रें करवाना
  • मायसिन प्रकार की हानिकारक दवाइयाँ -जैसे स्ट्रेंप्टोमाइसिन
  • अकॉस्टिक न्यूरोमा (श्रवण तंत्र में गाँठ)

जानकारी:

http://bharat.gov.in, भारतीय राष्‍ट्रीय पोर्टल (बाहरी वेबसाइट जो एक नई विंडों में खुलती हैं)

अंतिम अद्यतन दिनांक : २२/०३/२०१७