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कंट्रास्ट योजनाएं:
वाचा प्रवाह में खंड /अंतराल वाचा का प्रभाव को कम करता हैं। वाचा प्रवाह में सौम्य हिचकिचाहट से तीव्र भंग /अंतराल तक की हकलाट हो सकती हैं। यह समस्या बचपन में शुरू होकर बडें होने तक शुरू रह सकती हैं। इसका परिणाम उनके व्यक्तिगत एव सामाजिक विकास /वद्घि पर होता हैं। उन्हें रोजगार मिलने में भी समस्या हो सकती हैं।
वाणी एवं भाषा विकृतियों का प्रबन्धन एवं उपचार भाषा विज्ञानियों द्वारा किया जाता हैं। दूसरी टीम आडियोलाजिस्ट, सायकोलाजिस्ट, इ.न.टी., पेडिऍट्रिशियन, न्यूरोलाजिस्ट एवं विशेष शिक्षकों की होती हैं। व्यक्ति जिसे वाचा एवं भाषा में दोष हैं का उपचार वाचा-भाषा थेरैपीद्वारा किया जा सकता हैं। वाचा-भाषा थेरैपी लंबी अवधि की प्रक्रिया हैं। उसका तत्काल हल नहीं हैं। इसे निरतर अभ्यास एवं आप और आपके थेरैपिस्ट का काम में समन्वय आवश्यक हैं। प्रबंधन प्रक्रिया में परिवार सदस्यों की भी महत्वपूर्ण भूमिका होती हैं। परिवार के सदस्यों की भी इ प्रक्रिया में एक महत्त्वपूर्ण भूमिका होती हैं।
किसी भी प्रकार की वाचा एवं भाषा के विकृति के लिए, कृपया निकटतम साधारण / निजी अस्पताल के आडियोलाजिस्ट /भाषा थेरैपिस्ट से संपर्क करें।
सम्प्रेषण विकृति के लिए खतरें के कारकों की जानकारी रखना काफी सहायक हो सकता है:
भाषा दोष
मानव जाति को मस्तिष्क के विभिन्न विभागों से कल्पनाएँ, विचार एवं भावनाएँ, वाचा द्वारा अभिव्यक्त करने का मूल्यवान वरदान प्राप्त हु हैं। मस्तिष्क के वाचा केन्द्र से एवं वाचा अवयव की प्रक्रिया / क्रिया से यह आश्चर्य संभव हुआ हैं। लकवा या सर की गंभीर चोट से मस्तिष्क वाचा केन्द्र को क्षति पहुँचने के कारण से होने वाले भाषा दोष को अफेजिया करहते हैं। ऐसे लोगों को वाचा अभिव्यक्त करने एवं समझे में कठिनाई होती हैं। इसके अतिरिक्त उन्हें वाचन, लेखन एवं गणन में भी कठिनाई होती हैं। ऐसे लोगों को परिवार के भावनिक आधार और हायता की आवश्यकता होती हैं। वाचा एवं भाषा थेरैपी द्वारा उनके वाचा संप्रेषण कौशल को ठीक करने में सहायता होती हैं।
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अंतिम अद्यतन दिनांक: २७/०७/२०१२